आंगनबाड़ी केंद्रों पर आंगनबाड़ी ओलंपिक खेलों का आयोजन
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कोटपूतली-बहरोड़ जिले के पावटा उपखंड के टोरड़ा गुजरान आंगनबाड़ी केंद्र पर आंगनबाड़ी ओलंपिक खेलों का आयोजन किया गया। 21 से 23 अक्टूबर तक चल रहे इस आयोजन में बच्चों ने रिले रेस, म्यूजिकल चेयर, गुब्बारा प्रतियोगिता, मेंढक दौड़, नृत्य और गायन जैसी गतिविधियों में भाग लिया। कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों के शारीरिक विकास, आत्मविश्वास, आपसी सहयोग और सर्वांगीण विकास को प्रोत्साहित करना है।
कोटपूतली-बहरोड़, 23 अक्टूबर। खेल-खेल में सीखने और बच्चों की प्रतिभा को निखारने के उद्देश्य से कोटपूतली-बहरोड़ जिले के आंगनबाड़ी केंद्रों पर आंगनबाड़ी ओलंपिक खेलों का आयोजन किया जा रहा है। इसी कड़ी में पावटा उपखंड के टोरड़ा गुजरान स्थित आंगनबाड़ी केंद्र पर विभिन्न खेलकूद और मनोरंजक गतिविधियां आयोजित की गईं।
इन गतिविधियों में बच्चों ने उत्साह के साथ भाग लिया। आयोजन के जरिए बच्चों में शारीरिक विकास, आत्मविश्वास और आपसी सहयोग की भावना को बढ़ावा दिया जा रहा है। कोटपूतली-बहरोड़ जिले में महिला एवं बाल विकास विभाग की ओर से 21 से 23 अक्टूबर 2026 तक आंगनबाड़ी ओलंपिक खेलों का आयोजन किया जा रहा है।
इसी क्रम में उपनिदेशक के मार्गदर्शन में पावटा परियोजना के टोरड़ा गुजरान आंगनबाड़ी केंद्र पर कार्यक्रम आयोजित हुआ। इस दौरान बच्चों के लिए रिले रेस, म्यूजिकल चेयर, गुब्बारा प्रतियोगिता और मेंढक दौड़ सहित कई खेल गतिविधियां करवाई गईं। वहीं, नृत्य और गायन के जरिए बच्चों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
पूरे आयोजन में बच्चों का उत्साह देखते ही बना। कार्यक्रम को और आकर्षक बनाने के लिए मिशन बुनियाद कार्यक्रम के जिला समन्वयक राजेन्द्र यादव की ओर से एक आकर्षक सेल्फी पॉइंट भी तैयार किया गया। बच्चों ने यहां उत्साहपूर्वक भाग लिया और आयोजन का आनंद उठाया। आंगनबाड़ी ओलंपिक का मुख्य उद्देश्य बच्चों का खेल-खेल में सर्वांगीण विकास करना, उनकी प्रतिभाओं को निखारना और उनमें सहभागिता की भावना विकसित करना है।
इसके साथ ही आंगनबाड़ी केंद्रों के प्रति बच्चों और अभिभावकों में सकारात्मक वातावरण तैयार करने पर भी जोर दिया जा रहा है। आंगनबाड़ी ओलंपिक जैसे आयोजन बच्चों को खेल के माध्यम से सीखने और अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर दे रहे हैं। इन गतिविधियों से बच्चों में शारीरिक विकास के साथ आत्मविश्वास, अनुशासन और मिल-जुलकर काम करने की भावना को भी प्रोत्साहन मिल रहा है।