बाड़मेर के 55 वार्डों में वोटिंग 7 बजे से:63 हजार वोटर चुनेंगे शहर की सरकार; प्रत्याशियों की जीत-हार का फैसला 14 को
ताज़ा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ेंJoin करें →बाड़मेर में आज निकाय चुनाव की वोटिंग होगी। 63078 वोटर अपनी शहरी सरकार के लिए वोटिंग करेंगे। मतदान के लिए 68 सेंटर बनाए गए हैं। बाड़मेर जिले में पहले चरण में नगर परिषद बाड़मेर में चुनाव हो रहे हैं। इन निकायों में 179 प्रत्याशी खड़े हैं। पढ़िए निकाय चुनाव से जुड़े रोचक फैक्ट्स और समीकरण पूर्व उपसभापति के बागी होने पर त्रिकोणीय मुकाबला कांग्रेस से टिकट नहीं मिलने से नाराज पूर्व उपसभापति सुरतान सिंह बागी होकर निर्दलीय चुनाव लड़ रहे हैं।
इससे वार्ड 1 में त्रिकोणीय मुकाबला हो गया है। वार्ड में सबसे अधिक वोट वाले मूल OBC समाज से बीजेपी और कांग्रेस ने प्रत्याशी बनाया है। वोटों का ध्रुवीकरण होने से निर्दलीय को फायदा मिल सकता है। सुरतान सिंह पूर्व विधायक मेवाराम जैन के करीबी माने जाते हैं। वार्ड 13 में जैन समुदाय के 2 कारोबारियों में टक्कर इसमें 1145 वोटर हैं, अधिकांश जैन समुदाय के हैं।
यहां पर बीजेपी के पदाधिकारी रहे कैलाश कोटड़ियां और कांग्रेस से जितेंद्र हैं। दोनों जैन समुदाय से हैं। लेकिन निर्दलीय होने से दोनों पार्टियों के समीकरण बिगड़ रहे हैं। इस वार्ड के बीजेपी प्रभारी पूर्व सभापति लूणकरण बोथरा है। वार्ड 15 में भी बिजनेसमैन आमने-सामने इसमें 1260 वोटर है। चुनावी कमेटी संयोजक और कद्दावर कांग्रेस नेता मांगीलाल वडेरा का गृह वार्ड है।
बीजेपी में कुछ दिन पहले शामिल हुए गौतम चंद को टिकट दी है। गौतम चंद कांग्रेस नेता मांगीलाल वडेरा के रिश्तेदार हैं। वहीं, कपिल पूर्व विधायक मेवाराम जैन के रिश्तेदार हैं। पूर्व सभापति की चार बार के पार्षद से टक्कर कांग्रेस से पूर्व सभापति दिलीप माली मैदान में हैं, तो भाजपा ने माली समाज जिलाध्यक्ष अध्यक्ष दमाराम माली को मैदान में उतारा है।
दमाराम कुल चार बार पार्षद रहे हैं। इनमें 2 बार निर्दलीय और 2 बार कांग्रेस से जीतकर पार्षद बने थे। इस बार उन्हें बीजेपी ने टिकट दिया है। ऐसे में, यह सीट बाड़मेर में चर्चित सीटों में से एक हो गई।
📡 स्रोत: NewsData.io