राजनीति

भारत का पहला ट्रेनर एयरक्राफ्ट HTT-40 तैयार, जानें क्या है इसकी खासियत

लेखक: JKS News Desk अंतिम अपडेट: 25 सितंबर 2026 👁️ 1 बार पढ़ा गया
प्रकाशक: जनता का संदेश
भारत का पहला ट्रेनर एयरक्राफ्ट HTT-40 तैयार, जानें क्या है इसकी खासियत

दुनियाभर में चल रहे अलग-अलग यु्द्ध के बीच भारत ने मिलिट्री एविएशन के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनने की तरफ एक बड़ी उड़ान भरी है.

भारत ने पहला स्वदेशी ट्रेनर एयरक्राफ्ट, एचटीटी-40 बनाकर तैयार कर लिया है.

शुक्रवार को बेंगलुरु में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की मौजदूगी में हिंदुस्तान टर्बो एयरक्राफ्ट को वायुसेना प्रमुख को सौंपा जाएगा.

इस एयरक्राफ्ट का इस्तेमाल, फाइटर पायलट की ट्रेनिंग के लिए किया जाएगा.

इसके अलावा, एलसीए-तेजस के ट्रेनर एयरक्राफ्ट और एएलएच-ध्रुव के सिविल वर्जन ध्रुव-एनजी को इस समारोह में देश को सौंपा जाएगा. इस एयरक्राफ्ट को फाइटर पायलट्स की बेसिक ट्रेनिंग के लिए इस्तेमाल किया जाएगा.

एचटीटी-40 से दिन और रात, दोनों में प्रशिक्षण दिया जा सकता है.

एचएएल ने एचटीटी-40 किया तैयार

क्लोज फॉर्मेशन फ्लाइंग के लिए भी एचएएल ने एचटीटी-40 को तैयार किया है.

इसके अलावा, एयरोबैटिक्स के लिए भी एचटीटी-40 का इस्तेमाल किया जा सकता है.

अभी तक भारतीय फाइटर पायलट्स की ट्रेनिंग, विदेशी पिलेट्स और हॉक एयरक्राफ्ट में की जाती है.

यहां तक की भारतीय वायुसेना की एयरोबैटिक टीम, सूर्यकिरण भी हॉक का इस्तेमाल करती है, लेकिन अब एचटीटी-40 का भी इस्तेमाल किया जा सकता है.

एचटीटी-40 का वजन 2960 किलो है और इसकी लंबाई है 10.06 मीटर. ट्रेनर एयरक्राफ्ट का विंग-स्पैन है. एचएएल का दावा है कि एचटीटी-40- करीब 6000 मीटर ऊंचाई तक उड़ान भर सकता है.

इसकी अधिकतम स्पीड है 300 नोट्स और करीब 3 घंटे तक आसमान में रह सकता है. भारतीय वायुसेना के लिए एचएएल को कुल 70 एचटीटी-40 बनाने का कॉन्ट्रेक्ट मिला है.

इनमें से चार (04) एयरक्राफ्ट की पहली खेप शुक्रवार को वायुसेना को सौंपी जाएगी.

वायुसेना को मिलेंगे 2 ट्रेनर एयरक्राफ्ट

वायुसेना को स्वदेशी लाइट कॉम्बेट एयरक्राफ्ट (एलसीए) तेजस के 2 ट्रेनर एयरक्राफ्ट भी शुक्रवार को एचएएल सौंपने जा रहा है.

एचएएल ने तेजस के 38 फाइटर जेट तो वायुसेना को सौंप दिए थे, लेकिन अब सौदे के तहत आखिरी दो ट्रेनर एयरक्राफ्ट भी बना लिए हैं.

इन ट्रेनर एयरक्राफ्ट से तेजस

📡 स्रोत: ABP Live

📰 पूरी खबर पढ़ें (ABP Live पर जाएं)

💡 पृष्ठभूमि (Background)

भारत ने अपना पहला स्वदेशी ट्रेनर विमान HTT‑40 तैयार कर लिया है, जिसे फाइटर पायलटों के प्रशिक्षण में इस्तेमाल किया जाएगा। यह कदम भारत की रक्षा उद्योग में आत्मनिर्भरता बढ़ाने के प्रयासों का एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है। विश्व के बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के बीच, स्वदेशी विमान उत्पादन से भारत को अपनी रक्षा क्षमताओं पर अधिक नियंत्रण मिलेगा। आम जनता के लिए इसका अर्थ है कि नौकरियों के नए सृजन के साथ-साथ तकनीकी कौशल में सुधार होगा, जिससे राष्ट्रीय गर्व और आर्थिक विकास को बल मिलेगा।

J
JKS News Desk

जनता का संदेश की संपादकीय टीम आपके लिए भोपाल, मध्यप्रदेश और देश की सटीक और विश्वसनीय समाचार प्रस्तुत करती है।