बिहार विधान परिषद चुनाव में विपक्षी एकता की अलग तस्वीर, आठ सीटों पर राजद-कांग्रेस आमने-सामने; जन सुराज ने भी उतारे सभी सीटों पर उम्मीदवार
ताज़ा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ेंJoin करें →चुनाव आयोग की एसआईआर प्रक्रिया और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर इंडिया गठबंधन के घटक दल और अन्य विपक्षी दल कई मुद्दों पर एक साथ नजर आते हैं, लेकिन बिहार विधान परिषद चुनाव में विपक्षी एकता की तस्वीर अलग दिखाई दे रही है। परिषद की आठ सीटों पर होने वाले चुनाव में कई निर्वाचन क्षेत्रों में राजद और कांग्रेस के उम्मीदवार आमने-सामने हैं।
बिहार विधान परिषद की चार स्नातक और चार शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों के लिए चुनाव होना है। इन सीटों पर अलग-अलग दलों के उम्मीदवार मैदान में हैं और कई जगह राजद तथा कांग्रेस ने अपने-अपने प्रत्याशी उतारे हैं। ऐसे में विपक्षी दलों के बीच चुनावी तालमेल को लेकर सवाल उठ रहे हैं। इसी बीच जन सुराज ने भी सभी आठ सीटों पर अपने उम्मीदवार मैदान में उतार दिए हैं।
इससे परिषद चुनाव में मुकाबला और बहुकोणीय हो गया है। जन सुराज की सभी सीटों पर मौजूदगी के कारण कई निर्वाचन क्षेत्रों में मुकाबला दिलचस्प होने की संभावना है। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार बिहार विधान परिषद की इन आठ सीटों के लिए 23 अक्टूबर को मतदान होगा, जबकि 27 अक्टूबर को मतगणना की जाएगी।
चुनाव परिणाम के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि मतदाताओं ने किस दल और प्रत्याशी के पक्ष में अपना समर्थन दिया। बिहार विधान परिषद चुनाव का यह मुकाबला इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि इसमें राजनीतिक दलों के साथ-साथ स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों के मतदाताओं की भूमिका अहम होती है। फिलहाल अलग-अलग दलों के प्रत्याशियों के मैदान में उतरने से चुनावी माहौल लगातार गर्म होता जा रहा है।
मिथिला हिन्दी न्यूज | रोहित कुमार सोनू
📡 स्रोत: NewsData.io