ड्रैगन के तेवर पड़े नरम? LAC पर चीनी सेना की तैनाती में कमी, रक्षा मंत्रालय की रिपोर्ट में बड़ा खुलासा
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India China Border Clash: भारत और चीन के रिश्तों में जमी बर्फ अब धीरे-धीरे पिघलती नजर आ रही है.
लाइन ऑफ एक्चुअल कंट्रोल (LAC) पर पिछले कुछ सालों से जारी तनातनी के बीच भारत के रक्षा मंत्रालय की एक रिपोर्ट ने सुरक्षा के लिहाज से बेहद राहत भरी तस्वीर पेश की है.
मंत्रालय की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले साल उत्तरी सीमाओं पर चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (PLA) की सैन्य उपस्थिति में बड़ी गिरावट दर्ज की गई है.
चीन ने अपनी फॉरवर्ड लोकेशन से घटाई फौज रक्षा मंत्रालय की 2025-26 की 323 पन्नों की इस विस्तृत रिपोर्ट में इस बात की पुष्टि की गई है कि वास्तविक नियंत्रण रेखा के पास चीन ने अपनी फॉरवर्ड लोकेशन से फौज घटाई है.
रिपोर्ट के अनुसार, एलएसी से सटे इलाकों में चीनी सेना ने करीब 10 'कंबाइंड आर्म्स ब्रिगेड' की तैनाती कर रखी थी, जबकि इतनी ही 10 ब्रिगेड सीमा से पीछे अपने पारंपरिक ट्रेनिंग इलाकों में तैनात थीं.
इसका सीधा मतलब यह निकलता है कि अग्रिम मोर्चे पर करीब 40 से 50 हजार चीनी सैनिक मौजूद थे और लगभग इतने ही सैनिक पीछे के ट्रेनिंग कैंपों में तैनात रहे.
यह आंकड़ा उस दौर के मुकाबले काफी कम है जब अकेले लद्दाख सेक्टर में ही 60 हजार से ज्यादा चीनी जवान आमने-सामने डटे हुए थे.
अक्टूबर 2024 में दोनों देशों के बीच सभी विवादित प्वाइंट्स से गश्त और डिसइंगेजमेंट को लेकर ऐतिहासिक सहमति बनी थी, जिसके बाद से करीब चार साल से चला आ रहा वह गंभीर सैन्य गतिरोध समाप्त होने की राह पर बढ़ा जिसने द्विपक्षीय संबंधों को छह दशकों के सबसे निचले स्तर पर धकेल दिया था.
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मुस्तैद भारतीय सेना, हर हालात से निपटने की तैयारी चीन द्वारा सैनिकों की संख्या घटाने के बावजूद भारतीय सेना किसी भी तरह की ढिलाई बरतने के मूड में नहीं है.
रक्षा मंत्रालय ने अपनी रिपोर्ट में स्पष्ट रूप से आश्वस्त किया है कि उत्तरी सीमा और LAC के सभी सेक्टरों में भारतीय सेना की स्थिति बेहद मजबूत और सामरिक दृष्टि से पकड़ में है.
भारतीय जवान किसी भी अप्रत्याशित या आपातकालीन स्थिति का मुंहतोड़ जवाब देने के लिए पूरी तरह चौकस और मुस्तैद हैं.
भारत और चीन के बीच जारी वार्ता प्रक्रिया ने न सिर्फ तनाव को कम किया है, बल्कि सीमा पर लंबे समय से छाए अनिश्चितता के बादलों को छांटने में भी बेहद अहम भूमिका निभाई है.
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📡 स्रोत: NewsData.io