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ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल की पहल, सागर में पदस्थ 61 बांड डॉक्टर्स को दिए सेवा और समर्पण के मंत्र

लेखक: Maroof Ahmed Khan अंतिम अपडेट: 27 अक्टूबर 2026 👁️ 1 बार पढ़ा गया
प्रकाशक: जनता का संदेश
ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल की पहल, सागर में पदस्थ 61 बांड डॉक्टर्स को दिए सेवा और समर्पण के मंत्र

मध्यप्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक सुलभ और प्रभावी बनाने के लिए उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने सागर जिले में पदस्थ 61 बांड डॉक्टर्स से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संवाद किया। उन्होंने चिकित्सकों को ग्रामीण क्षेत्रों में सेवाभाव, संवेदनशीलता और समर्पण के साथ काम करने के लिए प्रेरित किया। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में काम करने का अनुभव चिकित्सकों को बेहतर पेशेवर बनाने के साथ समाज के प्रति उनकी जिम्मेदारी को भी मजबूत करेगा।

उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने कहा कि सागर जिले में 61 बांड डॉक्टर्स की पदस्थापना से ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूती मिलेगी। चिकित्सकों की तैनाती से स्थानीय नागरिकों और जनप्रतिनिधियों में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर उम्मीदें बढ़ी हैं। उन्होंने चिकित्सकों से अपने व्यवहार, कार्यशैली और सेवाभाव के माध्यम से लोगों का विश्वास अर्जित करने तथा उपलब्ध संसाधनों का बेहतर उपयोग करते हुए गुणवत्तापूर्ण उपचार उपलब्ध कराने का आह्वान किया।

उपमुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि सभी नवागत बांड डॉक्टर्स को उनके दायित्वों और स्वास्थ्य केंद्रों की कार्यप्रणाली के संबंध में व्यवस्थित ओरिएंटेशन दिया जाए। उन्हें उपलब्ध उपचार सुविधाओं, जांच सेवाओं, एम्बुलेंस व्यवस्था, रेफरल प्रक्रिया और शासन के विभिन्न स्वास्थ्य कार्यक्रमों की जानकारी दी जाए, ताकि वे अपने दायित्वों का प्रभावी निर्वहन कर सकें। उन्होंने यह भी कहा कि चिकित्सक नागरिकों को स्वास्थ्य केंद्रों पर उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी दें, जिससे ग्रामीण परिवार समय पर उपचार और जांच सेवाओं का लाभ उठा सकें।

स्वास्थ्य कार्यक्रमों के प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर देते हुए उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने एनीमिया मुक्त भारत अभियान, टीबी मुक्त भारत अभियान और गैर-संचारी रोगों की स्क्रीनिंग सहित विभिन्न कार्यक्रमों में सक्रिय भूमिका निभाने के निर्देश दिए। उन्होंने चिकित्सकों से अपने कार्यक्षेत्र की स्थानीय स्वास्थ्य परिस्थितियों, प्रचलित बीमारियों और उपचार में आने वाली बाधाओं का अध्ययन करने को कहा। किसी भी कमी या समस्या की पहचान होने पर वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराकर समय पर समाधान सुनिश्चित करने पर जोर दिया।

उपमुख्यमंत्री ने कहा कि ग्रामीण स्वास्थ्य व्यवस्था की सफलता के लिए चिकित्सकों और मैदानी स्वास्थ्य अमले के बीच बेहतर समन्वय जरूरी है। बांड डॉक्टर्स सीएचओ, आशा कार्यकर्ताओं, एएनएम और अन्य स्वास्थ्यकर्मियों के साथ नियमित संवाद बनाए रखें। उन्होंने गर्भवती महिलाओं की समय पर पहचान, नियमित एएनसी जांच, सुरक्षित प्रसव तथा मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं की निरंतर निगरानी को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। इन प्रयासों से मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य संकेतकों में सुधार लाने की दिशा में मदद मिल सकती है।

स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता और निगरानी व्यवस्था मजबूत करने के लिए उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने संबंधित ब्लॉक मेडिकल ऑफिसरों को सप्ताह में एक बार अपने क्षेत्र के सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों का निरीक्षण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि निरीक्षण के दौरान दवाओं, जांच सुविधाओं, मानव संसाधन, उपलब्ध संसाधनों और स्वास्थ्य सेवाओं के संचालन से जुड़ी कमियों की पहचान की जाए। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को भी माह में एक बार सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों का निरीक्षण कर सेवाओं की उपलब्धता और गुणवत्ता की समीक्षा करने के निर्देश दिए गए।

उपमुख्यमंत्री ने ई-संजीवनी टेलीमेडिसिन सेवा के प्रभावी उपयोग पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि इस सेवा के माध्यम से दूरस्थ और ग्रामीण क्षेत्रों के नागरिक विशेषज्ञ चिकित्सकों से ऑनलाइन परामर्श प्राप्त कर सकते हैं। बांड डॉक्टर्स नागरिकों को इस सुविधा के प्रति जागरूक करें और स्वास्थ्य केंद्रों में इसका नियमित उपयोग बढ़ाएं, ताकि जरूरतमंद मरीजों को समय पर विशेषज्ञ सलाह मिल सके और अनावश्यक लंबी यात्राओं से राहत मिले।

उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने कहा कि चिकित्सकों को बेहतर कार्य वातावरण, सकारात्मक कार्य संस्कृति और वरिष्ठ अधिकारियों का उचित मार्गदर्शन मिलना जरूरी है। उन्होंने बांड डॉक्टर्स को संवेदनशीलता, अनुशासन और टीम भावना के साथ काम करते हुए आम नागरिकों का विश्वास जीतने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने उपलब्ध स्वास्थ्य अधोसंरचना का बेहतर उपयोग कर गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने पर जोर दिया।

वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान बांड डॉक्टर्स ने अपने कार्यक्षेत्र में पदस्थापना के अनुभव भी साझा किए। बैठक में सागर की कलेक्टर प्रतिभा पाल, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी तथा जिले में पदस्थ बांड डॉक्टर्स शामिल हुए।

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Maroof Ahmed Khan

Maroof Ahmed Khan जनता का संदेश के संस्थापक एवं प्रधान संपादक हैं। वे जनसरोकार, निष्पक्ष रिपोर्टिंग और जनता की आवाज़ को प्रमुखता देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।