कंपनी का पक्ष: डीपीएम दीपेंद्र गौरे के तर्क
ताज़ा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ेंJoin करें →भास्कर संवाददाता। बड़वानी शहर के वार्ड-3 स्थित बृज विहार कॉलोनी में सीवरेज कंपनी की भारी लापरवाही के कारण पिछले 15 दिनों से पीने के पानी की लाइनों में बदबूदार और गंदा पानी आ रहा है। सीवरेज कंपनी ने मुख्य लाइन का कनेक्शन बिना जोड़े ही लाइन चालू कर दी, जिससे चैंबर ओवरफ्लो होकर सड़कों पर बह रहे हैं।
इस गंभीर समस्या से करीब 1000 की आबादी और 300 से 400 मकानों के लोग त्रस्त हैं। स्थानीय रहवासियों का कहना है कि जब से सीवरेज का काम शुरू हुआ है, तब से न तो नियमित जलापूर्ति हो रही है और न ही साफ पानी मिल रहा है, जिसके चलते बीमारियों का खतरा पैदा हो गया है और लोगों को निजी खर्च पर टैंकर मंगवाने पड़ रहे हैं।
मामले को गंभीरता से लेते हुए नपा सीएमओ और परिषद के सदस्यों सहित शुक्रवार को नपाध्यक्ष प्रतिनिधि निक्कू चौहान ने शुक्रवार को एक बार फिर मौके पर जा कर समस्या जानी और टीम लगा कर सुधार कार्य तेज करवाया। ब्रज विहार कॉलोनी के रहवासी अनिल कुमरावत, करिश्मा पांडे, संतोष पांडे, अजय पाटीदार और जीवन मनडोरे ने बताया कि सीवरेज कंपनी के घटिया निर्माण से नपा की वाटर सप्लाई बार-बार टूट रही है।
इसके कारण 400 से अधिक आबादी को हर दिन गंदा और बदबूदार पानी मिल रहा है, जिससे वे बेहद परेशान हैं। लाइव: एक नजर में क्या-क्या हुआ .
मौका मुआयना: लगातार शिकायतों के बाद वार्ड पार्षद, नपाध्यक्ष प्रतिनिधि निक्कू चौहान परिषद के सदस्यों और नपा वालमैन फारुख शेख ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। .
जलप्रदाय रोकना: स्थिति की गंभीरता को देखते हुए नगर पालिका ने फिलहाल उस क्षेत्र की नियमित पेयजल सप्लाई रोक दी और टैंकरों के जरिए पानी भिजवाया। .
कंपनी की कार्रवाई: सीवरेज कंपनी के कुछ कर्मी टैंकर से ओवरफ्लो चैंबर खाली करते नजर आए, लेकिन कंपनी का कोई भी जिम्मेदार अधिकारी या साइड इंजीनियर मौके पर नहीं पहुंचा। .
मरम्मत कार्य शुरू: वालमैन फारुख शेख के अनुसार, लीकेज सुधारने के लिए सड़क की खुदाई का काम शुरू कर दिया गया है और 1 से 2 दिन में स्थायी समाधान का दावा किया गया है। अध्यक्ष के आरोप: सीवरेज विभाग की हठधर्मिता और मनमानी बड़वानी में गंदे पानी की गंभीर समस्या के बीच एमपीयूडीसी और सीवरेज कंपनी (श्रीराम कंस्ट्रक्शन) की बड़ी लापरवाही सामने आई है। नपा सीएमओ सोनाली शर्मा के लगातार पत्राचार के बावजूद जिम्मेदार गंभीर नहीं हैं। भास्कर के पास मौजूद पत्र के अनुसार, परियोजना प्रबंधक डी.आर.
लोधी ने अपरिहार्य कारणों का हवाला देकर 22 सितंबर की शिकायत निवारण बैठक तक टाल दी। जनसमस्याओं पर अधिकारियों की यह टालमटोल और प्रशासनिक अनदेखी बेहद शर्मनाक है। नगर पालिका अध्यक्ष अश्विनी (निक्कू) चौहान ने सीवरेज कंपनी और एमपीयूडीसी पर गंभीर आरोप लगाते हुए स्थिति स्पष्ट की है। .
गलत कनेक्टिविटी: एक कॉलोनी की पानी की सप्लाई बाहर से बंद होने के बावजूद उसमें गंदा पानी आ रहा था। जांच में पाया गया कि सीवरेज विभाग ने अपनी गंदे पानी की लाइन गलत जगह कनेक्ट कर दी है। सुधार के लिए हाल ही में बनी 46 लाख रुपये की लागत वाली सड़क को दोबारा खोदा जा रहा है। .
नोटिस और बैठकों की अनदेखी: सीवरेज विभाग को लगातार नोटिस और पत्र दिए जा रहे हैं, लेकिन अधिकारी बैठकों में शामिल नहीं हो रहे हैं और मनमानी कर रहे हैं। .
घटिया रेस्टोरेशन: पाइपलाइन डालने के बाद सड़कों का रेस्टोरेशन बेहद निम्न स्तर का किया जा रहा है, मरम्मत के तुरंत बाद सड़कें उखड़ रही हैं।
📡 स्रोत: NewsData.io