राजनीति

केरल हाईकोर्ट का पूर्व सीएम के खिलाफ FIR का आदेश:विजयन और उनकी बेटी पर भ्रष्टाचार का आरोप; जांच के लिए पुलिस ने बनाई थी SIT

लेखक: JKS News Desk अंतिम अपडेट: 9 अक्टूबर 2026 👁️ 1 बार पढ़ा गया
प्रकाशक: जनता का संदेश
केरल हाईकोर्ट का पूर्व सीएम के खिलाफ FIR का आदेश:विजयन और उनकी बेटी पर भ्रष्टाचार का आरोप; जांच के लिए पुलिस ने बनाई थी SIT

केरल हाईकोर्ट ने शुक्रवार को भ्रष्टाचार केस में पूर्व मुख्यमंत्री पिनराई विजयन के खिलाफ FIR दर्ज करने का आदेश दिया। इस केस में पिनराई विजयन और उनकी बेटी टी वीणा पर भ्रष्टाचार के आरोप हैं। मामला कोचीन मिनरल्स एंड रुटाइल लिमिटेड (CMRL) और वीणा की कंपनी एक्सालॉजिक सॉल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड के बीच वित्तीय लेन-देन से जुड़ा है। कोर्ट में याचिका देकर इस मामले में FIR की मांग की गई थी, जिसके बाद जस्टिस ए.

बदरुद्दीन ने यह फैसला लिया। दरअसल, इस मामले की जांच प्रवर्तन निदेशालय (ED) कर रही थी और उसने केरल पुलिस के साथ भी इसकी जानकारी साझा की थी। इसके बाद भी राज्य पुलिस ने FIR दर्ज करने के बजाय विशेष जांच टीम (SIT) बनाई थी। ED और राज्य सरकार की दलीलें हाईकोर्ट में सुनवाई के दौरान ED ने FIR दर्ज करने की मांग का समर्थन किया।

ED के वकील जयशंकर V नायर ने कहा कि जांच के दौरान कई ऐसे लेन-देन सामने आए हैं, जिनकी जांच राज्य पुलिस या किसी सक्षम एजेंसी से कराना जरूरी है। राज्य की ओर से एडवोकेट जनरल जाजू बाबू ने याचिका की सुनवाई योग्य होने पर शुरुआती आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि याचिकाकर्ता ने इसे जनहित का मामला बताया है, लेकिन इसे निजी रिट याचिका के रूप में दाखिल किया गया है।

एडवोकेट जनरल ने यह भी कहा कि ED से जानकारी मिलने के बाद भी राज्य एजेंसी के पास स्वतंत्र रूप से सामग्री की जांच करने का अधिकार है। उनके मुताबिक, राज्य एजेंसी यह तय कर सकती है कि सामने आई सामग्री किसी अपराध का खुलासा करती है या नहीं। इसके बाद ही FIR दर्ज करने की जरूरत तय होगी। 7 साल पुराना है मामला मामला विजयन की बेटी टी वीणा की कंपनी से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग का है।

वीणा की ‘एक्सालॉजिक सॉल्यूशंस’ को कोचिन मिनरल्स एंड रुटाइल लिमिटेड (CMRL) ने साल 2018-19 में ₹1.72 करोड़ मंथली पेमेंट के तौर पर दिए, लेकिन इसके बदले एक्सालॉजिक सॉल्यूशंस ने कोई सर्विस नहीं दी। ED का मानना है कि यह लेन-देन संदिग्ध है। CMRL और एक्सालॉजिक के बीच हुए इस भुगतान को लेकर पहले इनकम टैक्स विभाग ने भी सवाल उठाए थे।

बाद में इसी आधार पर ED ने मनी लॉन्ड्रिंग की जांच शुरू की है। एक दिन पहले ही मंगलवार को इसी मामले में केरल हाईकोर्ट ने CMRL की याचिका खारिज की, जिसमें CMRL ने ED की जांच रद्द कराने की मांग की थी। ED ने 2024 में आरोपों की जांच के लिए PMLA क

📡 स्रोत: Dainik Bhaskar

📰 पूरी खबर पढ़ें (Dainik Bhaskar पर जाएं)
J
JKS News Desk

जनता का संदेश की संपादकीय टीम आपके लिए भोपाल, मध्यप्रदेश और देश की सटीक और विश्वसनीय समाचार प्रस्तुत करती है।