अपराध

मृत भालू के नाखून काटकर ले जाने वाले दो आरोपी गिरफ्तार

लेखक: Maroof Ahmed Khan अंतिम अपडेट: 27 सितंबर 2026
प्रकाशक: जनता का संदेश
मृत भालू के नाखून काटकर ले जाने वाले दो आरोपी गिरफ्तार

गौरेला-पेड्रा-मरवाही, 4 सितंबर 2026

गौरेला-पेड्रा-मरवाही जिले के वन परिक्षेत्र मरवाही में मृत भालू के नाखून काटकर ले जाने के मामले में वन विभाग ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से भालू के चार नाखून बरामद किए गए हैं।

वन विभाग को 3 सितंबर को मरवाही वृत्त के उसाढ़ परिसर स्थित कक्ष क्रमांक 2035 में भालू के मृत होने की सूचना मिली थी। सूचना मिलते ही टीम तत्काल मौके पर पहुंची। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि मृत भालू के पिछले दाएं पंजे के चार नाखून गायब थे। घटना की गंभीरता को देखते हुए वन विभाग द्वारा डॉग स्क्वॉड टीम की सहायता से सघन सर्च एवं पतासाजी अभियान चलाया गया।

’दो आरोपी पकड़े गए’ अभियान के दौरान वन विभाग की टीम ने दो आरोपियों - ’सुदर्शन यादव उम्र 54 वर्ष और सूरज साहिस उम्र 20 वर्ष, दोनों निवासी ग्राम बरौर’ को पकड़ा। दोनों के कब्जे से मृत भालू के चार नाखून बरामद कर विधिवत जप्त कर लिया गया है। आरोपियों के विरुद्ध वन्यजीव संरक्षण अधिनियम 1972 के प्रावधानों के तहत वैधानिक कार्रवाई कर उन्हें न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया जा रहा है।

वन विभाग ने आम नागरिकों से अपील की है कि किसी भी वन्यजीव के मृत पाए जाने पर उसके शव या अंगों के साथ छेड़छाड़ न करें और तत्काल निकटतम वन विभाग कार्यालय को सूचना दें। इसी प्रकार वन विभाग ने स्थानीय नागरिकों से अपील की है कि वन अपराध, अवैध शिकार या वन्यजीवों से संबंधित किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तत्काल निकटतम वन विभाग कार्यालय को दें। विभाग ने कहा कि वन्यजीवों की सुरक्षा सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है और स्थानीय लोगों की सहभागिता से वन संरक्षण के प्रयासों को और मजबूत बनाया जा सकता है।

🎙️ जनता का संदेश का मत

भालू के नाखून काटकर ले जाना प्रकृति के प्रति अनादर है, जिससे वन्यजीवों के संरक्षण के प्रयासों को धक्का मिलता है। ऐसे अपराधों के बदले में हमें शिक्षा और जागरूकता के माध्यम से समाज को सही मार्ग दिखाना चाहिए। वन विभाग की त्वरित कार्रवाई ने न्याय सुनिश्चित किया, परंतु हमें स्वयं को भी जिम्मेदार बनाना होगा—वन्यजीव संरक्षण कार्यक्रमों में भाग लेकर, नियमों का पालन करके और दूसरों को भी प्रेरित करके। इस प्रकार हम प्रकृति के साथ सामंजस्यपूर्ण सह-अस्तित्व बना सकते हैं।

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Maroof Ahmed Khan

Maroof Ahmed Khan जनता का संदेश के संस्थापक एवं प्रधान संपादक हैं। वे जनसरोकार, निष्पक्ष रिपोर्टिंग और जनता की आवाज़ को प्रमुखता देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।