प्रतापगढ़ के 5 वार्ड में एनएफएसए सूची की होगी छंटनी
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प्रतापगढ़ राजस्थान में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (एनएफएसए) के तहत गेहूं और अन्य राशन सामग्री प्राप्त कर रहे लाभार्थियों के लिए बड़ी खबर है। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग अब शहरी क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर डोर-टू-डोर सर्वे अभियान शुरू किया है। यह अभियान दिसंबर तक चलाया जाएगा।
सबसे खास बात यह है कि प्रदेश के 41 जिलों में छोटे बड़े कस्बे को भी शामिल किया गया है। ऐसा पहली बार हो रहा है जब छोटी इकाई में भी जांच होगी। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य अपात्र लोगों के नाम सूची से हटाना और वास्तविक जरूरतमंद व पात्र परिवारों को जोड़ना है। विभाग ने इसे गिव-अप अभियान का दूसरा चरण नाम दिया है।
अपात्र खुद छोड़ें नाम, वरना मिलेगा नोटिस: अधिकारियों ने बताया कि जो लोग नियमों के अनुसार अपात्र श्रेणी में आते हैं, उन्हें राशन योजना का लाभ गिव-अप (त्यागने) के लिए प्रेरित किया जाएगा। यदि वे खुद नाम नहीं हटाते हैं, तो विभाग उन्हें नोटिस जारी कर नियमानुसार नाम काटने की कार्रवाई करेगा।
इसके साथ ही ऐसे गरीब व जरूरतमंद परिवार जो पात्रता रखते हैं लेकिन सूची में शामिल नहीं हैं, उनसे आवेदन भरवाकर नाम जोड़ा जाएगा। प्रतापगढ़ के धरियावद में वार्ड 10, अरनोद के वार्ड 19, छोटीसादड़ी के 1, 18, 3 वार्ड शामिल है। गड़बड़ी रोकने के लिए विभाग ने सख्त गाइडलाइन जारी की है। हर चिह्नित वार्ड का सर्वे 2 दिनों के भीतर पूरा करना होगा।
जिला रसद अधिकारी महीने में कम से कम 8 दिन, प्रवर्तन अधिकारी-निरीक्षक 12 दिन और नए प्रवर्तन निरीक्षक 15 दिन खुद मौके पर जाकर सर्वे करेंगे। अधिकारियों को अपनी फील्ड विजिट की जीपीएस लोकेशन और तारीख वाली फोटो प्रतिदिन संभाग के प्रभारी अधिकारी को भेजनी होगी।
📡 स्रोत: NewsData.io