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राजस्थान ने 90.19 लाख किसान ID का लक्ष्य किया पूरा

लेखक: Maroof Ahmed Khan अंतिम अपडेट: 28 सितंबर 2026
प्रकाशक: जनता का संदेश
राजस्थान ने 90.19 लाख किसान ID का लक्ष्य किया पूरा

राजस्थान ने 90.19 लाख किसान आईडी का लक्ष्य 100 प्रतिशत हासिल कर लिया है। इसके साथ प्रदेश उत्तर भारत में पहला और देश में छठा राज्य बन गया है।

28 सितंबर। राजस्थान ने कृषि क्षेत्र में डिजिटल परिवर्तन की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। प्रदेश ने भारत सरकार के कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय की ओर से निर्धारित 90.19 लाख किसान आईडी के लक्ष्य को शत-प्रतिशत पूरा कर लिया है। इसके साथ राजस्थान 100 प्रतिशत किसान आईडी लक्ष्य हासिल करने वाला उत्तर भारत का पहला और देश का छठा राज्य बन गया है।

वर्ष 2015-16 की कृषि गणना के अनुसार राजस्थान में 76.54 लाख ऑपरेशनल होल्डिंग के मुकाबले किसान आईडी की उपलब्धि करीब 118 प्रतिशत तक पहुंच गई है। इस आधार पर राजस्थान देश में तीसरे स्थान पर है। अधिकारियों के अनुसार यह उपलब्धि राजस्व और कृषि विभाग के समन्वित प्रयासों, आधार एवं भू-अभिलेखों के एकीकरण तथा फील्ड स्तर पर अधिकारियों और कर्मचारियों के निरंतर प्रयासों का परिणाम है।

राजस्थान में एग्रीस्टैक को डिजिटल कृषि व्यवस्था का आधार बनाया जा रहा है। इसके तहत किसान की विशिष्ट डिजिटल पहचान को उसकी कृषि भूमि और फसल संबंधी जानकारी से जोड़ा जा रहा है। राज्य में कृषि विभाग के तहत एग्रीस्टैक आयुक्तालय की स्थापना की जा रही है और कृषि आयुक्त को इसका आयुक्त नामित किया गया है।

किसान आईडी को पीएम-किसान, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, उर्वरक वितरण प्रणाली और न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीद व्यवस्था से भी जोड़ा गया है। इसके साथ किसान आईडी को आधार डेटाबेस के साथ एकीकृत करने के अलावा जन आधार से भी जोड़ा गया है। करीब 83 लाख किसानों की किसान आईडी जन आधार से सीड की जा चुकी है, जबकि पीएम-किसान के करीब 50 लाख लाभार्थियों को किसान आईडी से जोड़ा गया है।

बाइट - नरेश गोयल, आयुक्त, कृषि विभाग

💡 पृष्ठभूमि (Background)

राजस्थान ने 90.19 लाख किसान आईडी का लक्ष्य 100 प्रतिशत पूरा किया, जिससे यह राज्य डिजिटल कृषि में अग्रणी बन गया। यह पहल किसानों को सरकारी योजनाओं, सब्सिडी और सूचनाओं तक आसान पहुँच देती है। राज्य की यह उपलब्धि अन्य राज्यों के लिए भी प्रेरणा है। किसानों को सीधे लाभ मिलने के कारण उनकी आय में स्थिरता आएगी और कृषि उत्पादन में सुधार होगा। साथ ही, डिजिटल रिकॉर्डिंग से कृषि नीतियों की पारदर्शिता बढ़ेगी और किसानों के बीच सूचना का अंतर घटेगा।

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Maroof Ahmed Khan

Maroof Ahmed Khan जनता का संदेश के संस्थापक एवं प्रधान संपादक हैं। वे जनसरोकार, निष्पक्ष रिपोर्टिंग और जनता की आवाज़ को प्रमुखता देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।