रायपुर में पत्नी और 2 बच्चों की चाकू गोदकर हत्या
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रायपुर, 27 सितंबर 2026
रायपुर में शनिवार देर रात ट्रिपल मर्डर की घटना सामने आई है। माना थाना क्षेत्र के डूमरतराई इलाके में पति ने अपनी पत्नी और 2 नाबालिग बच्चों की धारदार चाकू से हत्या कर दी। इसके बाद आरोपी ने खुद पर भी चाकू से वार कर लिया, जिससे वह घायल हो गया। आरोपी को इलाज के लिए रायपुर के मेकाहारा में भर्ती कराया गया है।
जानकारी के मुताबिक आरोपी भुनेश्वर साहू बालोद जिले का रहने वाला था और डूमरतराई के साहू पारा में किराए के मकान में रहता था।
जानकारी के मुताबिक, आरोपी भुनेश्वर साहू ने देर रात विवाद के बाद पहले पत्नी खिलेश्वरी साहू पर हमला किया। इसके बाद उसने दोनों बच्चों 10 वर्षीय आशीष साहू और 8 वर्षीय ज्ञान साहू पर हमला किया। तीनों की मौत के बाद उसने खुद पर भी चाकू से वार किए।
सुबह पड़ोसियों को घटना की जानकारी मिलते ही उन्होंने पुलिस को सूचित किया। माना थाना पुलिस मौके पर पहुंची तो आरोपी घायल हालत में पड़ा हुआ था। पुलिस ने उसे हिरासत में लिया
पुलिस ने घायल आरोपी को इलाज के लिए अंबेडकर अस्पताल में भर्ती कराया है। उसका इलाज जारी है। जबकि पुलिस ने तीनों शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए मेकाहारा भेज दिया है और घटनास्थल को सील कर दिया गया है। फिलहाल, पुलिस घटना के कारणों और वारदात से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है।
💡 पृष्ठभूमि (Background)
रायपुर में पति द्वारा पत्नी और दो नाबालिग बच्चों को चाकू से मारकर आत्महत्या की घटना एक ट्रिपल मर्डर है। यह घटना परिवारिक हिंसा के गंभीर रूप को उजागर करती है और समाज में शांति व सुरक्षा पर गहरा सवाल उठाती है। इस तरह के अपराध से समाज में भय और असुरक्षा बढ़ती है, जिससे परिवारों के बीच विश्वास पर असर पड़ता है। इसके अलावा, यह पुलिस और न्याय व्यवस्था की दक्षता पर भी प्रकाश डालता है, और समाज को परिवारिक संघर्षों के निवारण के लिए जागरूक करने की आवश्यकता को रेखांकित करता है।
🎙️ जनता का संदेश का मत
इस दुखद घटना से हमें यह याद दिलाता है कि संघर्षों का समाधान हिंसा से नहीं, संवाद और कानूनी मार्ग से होना चाहिए। परिवार में मतभेद होने पर सुलह, परामर्श और अदालत का सहारा लेना चाहिए। समाज को एकजुट होकर मानसिक स्वास्थ्य, आर्थिक सहायता और आपसी सम्मान की संस्कृति बनानी चाहिए। पीड़ितों के परिवार को सहानुभूति और सहायता का हाथ बढ़ाएँ, ताकि ऐसी त्रासदियाँ फिर न हों।