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SMS में 28.6 किलो का ट्यूमर निकाला

लेखक: Maroof Ahmed Khan अंतिम अपडेट: 1 अक्टूबर 2026
प्रकाशक: जनता का संदेश
SMS में 28.6 किलो का ट्यूमर निकाला

जयपुर के SMS अस्पताल में डॉक्टरों ने 59 वर्षीय महिला की करीब 3 घंटे की जटिल सर्जरी कर 28.6 किलो का विशाल रेट्रोपेरिटोनियल सारकोमा निकाला। चिकित्सकों के अनुसार 20 किलो से अधिक वजन वाले ऐसे ट्यूमर के मामले बेहद दुर्लभ हैं।

जयपुर, 1 अक्टूबर। एसएमएस मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल, जयपुर के सर्जनों ने एक बेहद जटिल और दुर्लभ सर्जरी को सफलतापूर्वक अंजाम देते हुए 59 वर्षीय महिला के शरीर से 28.6 किलोग्राम वजन का विशाल रेट्रोपेरिटोनियल सारकोमा निकाला। करीब तीन घंटे चली सर्जरी के दौरान चिकित्सकों ने सावधानीपूर्वक विशाल ट्यूमर को आसपास की संरचनाओं से अलग कर बाहर निकाला।

यह सर्जरी डॉ. जीवन कांकरिया के नेतृत्व में डॉ. देवेंद्र सैनी ने की। सर्जिकल टीम में डॉ. देवेंद्र सैनी के साथ डॉ. गरिमा, डॉ. आशिमा, डॉ. गीतांश, डॉ. आकाश, डॉ. देवांश, डॉ. रजत और डॉ. हिमांशु शामिल रहे। एनेस्थीसिया टीम के डॉ. सुशील भाटी, डॉ. सुनील चौहान, डॉ. कंचन, डॉ. दीनदयाल और डॉ. दिव्य भटनागर तथा नर्सिंग स्टाफ के यूनुस अली का भी सर्जरी में महत्वपूर्ण योगदान रहा।

डॉ. देवेंद्र सैनी के अनुसार रेट्रोपेरिटोनियल सारकोमा पहले से ही दुर्लभ प्रकार के ट्यूमर माने जाते हैं। इनमें 20 किलोग्राम से अधिक वजन वाले विशाल रेट्रोपेरिटोनियल सारकोमा के मामले और भी दुर्लभ हैं। उन्होंने बताया कि उपलब्ध मेडिकल साहित्य में दुनिया भर में ऐसे करीब 20 मामलों की रिपोर्ट का उल्लेख मिलता है।

तीन घंटे चली जटिल सर्जरी

59 वर्षीय महिला की जांच के दौरान पेट के पीछे स्थित रेट्रोपेरिटोनियल क्षेत्र में विशाल ट्यूमर का पता चला। विस्तृत चिकित्सकीय मूल्यांकन के बाद मरीज को सर्जरी के लिए लिया गया। करीब तीन घंटे की प्रक्रिया में सर्जिकल टीम ने ट्यूमर को आसपास के महत्वपूर्ण अंगों और संरचनाओं से सावधानीपूर्वक अलग किया।

रेट्रोपेरिटोनियल क्षेत्र में महत्वपूर्ण अंगों और रक्त वाहिकाओं की मौजूदगी के कारण यहां मौजूद ट्यूमर की सर्जरी चुनौतीपूर्ण मानी जाती है। इस मामले में ट्यूमर का आकार और वजन काफी अधिक होने के कारण चिकित्सकों को सर्जरी के दौरान विशेष सावधानी बरतनी पड़ी।

सर्जिकल टीम ने सफलतापूर्वक 28.6 किलोग्राम के ट्यूमर को बाहर निकाला। चिकित्सकों के अनुसार यह मामला विशाल रेट्रोपेरिटोनियल ट्यूमर के जटिल प्रबंधन का उदाहरण है।

एसएमएस मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल की टीम ने इस दुर्लभ और चुनौतीपूर्ण सर्जरी को सफलतापूर्वक पूरा किया। ऑपरेशन में सर्जरी, एनेस्थीसिया और नर्सिंग टीम के समन्वय से प्रक्रिया को अंजाम दिया गया।

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Maroof Ahmed Khan

Maroof Ahmed Khan जनता का संदेश के संस्थापक एवं प्रधान संपादक हैं। वे जनसरोकार, निष्पक्ष रिपोर्टिंग और जनता की आवाज़ को प्रमुखता देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।