‘TVK में BJP नाम लेने की...’, तमिलनाडु की विजय सरकार पर DMK का प्रहार
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लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी की पुलिस हिरासत को लेकर BJP का नाम न लेने पर DMK ने तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय की पार्टी TVK पर निशाना साधा है.
डीएमके ने कहा कि तमिलगा वेत्री कझगम (TVK) ने राहुल गांधी की हिरासत के बाद BJP सरकार का नाम नहीं लिया.
पार्टी ने सवाल उठाया कि आखिर TVK को BJP सरकार का नाम लेने में किस बात का डर है.
दरअसल, कांग्रेस सांसद राहुल गांधी को मंगलवार और बुधवार (6-7 अक्टूबर, 2026) को मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर नई दिल्ली में इंडिया गठबंधन के हुए मार्च के बाद हिरासत में लिया गया था.
इस विरोध प्रदर्शन के दौरान राहुल गांधी के अलावा इंडिया ब्लॉक के कई अन्य नेताओं को भी हिरासत में लिया गया था.
TVK ने राहुल गांधी की हिरासत पर क्या कहा?
हालांकि, तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी.
जोसेफ विजय की राजनीतिक पार्टी तमिलगा वेत्री कझगम (TVK) ने सोशल मीडिया पर शेयर किए गए एक पोस्ट में राहुल गांधी की हिरासत के तरीके पर बेहद आपत्तिजनक करार दिया और कहा कि इस तरह के सख्त रवैये को बंद किया जाना चाहिए.
लेकिन पार्टी ने अपने बयान में कहीं भी केंद्र की BJP सरकार का सीधे तौर पर नाम नहीं लिया. जिसके बाद राज्य की मुख्य विपक्षी पार्टी डीएमके ने सवाल उठाए हैं.
TVK को BJP का नाम लेकर निंदा करनी चाहिए - इलंगोवन
न्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, TVK की तरफ से जारी आधिकारिक बयान पर सवाल उठाते हुए डीएमके के प्रवक्ता टी. के. एस.
इलंगोवन ने कहा कि पार्टी ने राहुल गांधी के खिलाफ की गई कार्रवाई के लिए जिम्मेदार लोगों और सरकार का स्पष्ट रूप से नाम नहीं लिया. उन्होंने कहा, राहुल गांधी को किसने हिरासत में लिया?
उन्हे
📡 स्रोत: ABP Live
💡 पृष्ठभूमि (Background)
इस खबर में तमिलनाडु की विजय सरकार (TVK) पर DMK ने आरोप लगाया है कि उसने लोकसभा में राहुल गांधी की पुलिस हिरासत के बाद BJP सरकार का नाम नहीं लिया। यह विषय राजनैतिक गठबंधन और विपक्षी दलों के बीच टकराव को दर्शाता है। यह खबर महत्वपूर्ण है क्योंकि यह दिखाती है कि कैसे एक राज्य सरकार राष्ट्रीय राजनीति में अपनी स्थिति बना रही है और विपक्षी दलों के बीच आक्रोश पैदा कर रही है। आम जनता पर इसका असर यह हो सकता है कि राजनीतिक दलों की नीतियों और गठबंधन की स्थिरता पर सवाल उठें, जिससे चुनावी माहौल और मतदाता विश्